आर्य पुरोहित/उपदेशक प्रशिक्षण
महर्षि के सशक्त सैनिक तैयार करने के लिए आर्य पुरोहित/उपदेशक प्रशिक्षण का यह विशेष कार्य किया जारहा है।
गुरुकुल में पढ़ रहे या पढ़कर अपने जीवन यापन के लिए किसी भी पुरुषार्थ पूर्ण कार्य को कर रहे उन सभी ब्रह्मचारियों और महानुभावों से निवेदन है कि महर्षि के कार्य के लिए भी कुछ योगदान कीजिए। यदि आप पहले से ही प्रशिक्षित हैं तो अपने आसपास वेद प्रचार के कार्यों को अपनी सामर्थ्य से कीजिए और यदि प्रशिक्षण लेना चाहते है और आर्य समाज की सेवा करने की इच्छा रखते है तो इस प्रशिक्षण शिविर में आने के लिए हम आपका आह्वान करते हैं। आप आइए और प्रशिक्षण प्राप्त करके ऋषि कार्य को गति प्रदान कीजिए।
आचार्य अनुज आर्य जी के नेतृत्व में ३१ मई से ७ जून २०२६ तक तपोवन आश्रम देहरादून में आर्य पुरोहित/उपदेशक प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जायेगा। अधिक जानकारी के लिए सम्पर्क करें – 7078281762
एक विनम्र निवेदन यह है - जब विवाहों का मौसम आता है तो आर्य परिवारों में विवाह के लिए वैदिक पुरोहित उपलब्ध नहीं हो पाते हैं। इसीलिए प्रत्येक आर्य समाज के पास अनेक प्रशिक्षण पुरोहित होने चाहिए । गांव तक भी प्रशिक्षित पुरोहित उपलब्ध हों ऐसा प्रयास कीजिए।
विशेष निवेदन – ऐसी भी अनेक आर्य समाजें है जो पुरोहित नहीं रखती उन सभी से विनम्र प्रार्थना है कि बिना पुरोहित के आर्य समाज का कार्य नहीं चलेगा। जिन आर्य समाजों में योग्य और प्रशिक्षित पुरोहित हैं वहां आर्य समाज का प्रचार कार्य अच्छा चलता है कार्यक्रमों में उपस्थिति भी अच्छी होती है। इसीलिए आर्य समाज में पुरोहित अवश्य रखें। इस कार्य के लिए आप हमसे सम्पर्क कीजिए हम आपका सहयोग करेंगे।
एक बात और – आर्य समाज के वेदप्रचार में वर्षों से कार्य करते हुए हमें यह अनुभव हुआ है कि कुछ आर्यजन या आर्य समाज के अधिकारी जो हवन करना जानते है ( चूंकि हवन करना वह प्रत्येक व्यक्ति जान जाता है जो आर्य समाज में निरन्तर आता है।) उन्होंने पुरोहित कर्म का कार्य स्वयं करना शुरू कर दिया है बिना प्रशिक्षण के यह कार्य सफलतापूर्वक नहीं किया जा सकता इसीलिए उनसे भी निवेदन है यदि आप पुरोहित कर्म करना चाहते है या कर रहे हैं तो प्रशिक्षण प्राप्त करलें तो आपका कार्य प्रभावी होगा।
धन्यवाद ।


